सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

Statistics ya Sankhyiki Me Career Kaise Banaye, statistics career opportunities, path, options, salary,

 सांख्यिकी में करियर

सांख्यिकी के कार्य बताइए

सांख्यिकी में करियर कैसे बनाये या स्टैटिस्टिक्स में कैरियर कैसे बनाये?


डिजिटल युग में डाटा ही सबसे बड़ी पूंजी है और सांख्यिकी इसी डाटा यानी आंकड़ों का विश्लेषण करने वाले

रोजगार की कुंजी बन गई है। प्रौद्योगिकी के दौर में सांख्यिकी की किसी भी विधा में पारंगत होकर आप

बेहद आकर्षक करियर बना सकते हैं।


सांख्यिकी को परिभाषित कीजिए


सांख्यिकी या स्टैटिस्टिक्स गणित की ही एक शाखा है। इसमें आंकड़ों को एकत्र करने से लेकर उनका वर्गीकरण,

विश्लेषण और मूल्यांकन करने, निष्कर्ष निकालने तथा प्रस्तुतीकरण तक का अध्ययन किया जाता है। जीवन

व्यवहार से जुड़े अध्ययन हों या काल्पनिक अवधारणाओं को साकार रूप देना, इनके लिए सांख्यिकी की जरूरत

पड़ती है। गणितीय मॉडल, नमूने, ग्राफ, स्लाइड, सिनोप्सिस जैसी चीजें प्रायोगिक आंकड़ों या व्यावहारिक जीवन 

के सांख्यिकीय विश्लेषण के ही प्रारूप हैं। मानव प्रवृत्तियों औरव्यवहार में बदलावों का अध्ययन और उनके

 वैज्ञानिक आकलन में भी इसका बड़ा योगदान है। यह भविष्य की संभावनाओं का अनुमान लगाने के लिए भी 

अहम है। सांख्यिकी अब सिर्फ गणित-विज्ञान तक ही सीमित नहीं है, बल्कि कला और कारोबार से लेकर खेलकूद 

तक, तमाम क्षेत्रों के लिए अनिवार्य हो चुकी है। मौजूदा डिजिटल युग में मशीन लर्निंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस 

और डाटा एनालिटिक्स ने सांख्यिकी को औरदिलचस्प बना दिया है।


12वी से शुरुआत


सांख्यिकी के क्षेत्र में 12वीं पास करने के बाद कदम रखा

जा सकता है। गणित या सांख्यिकी के साथ 12वीं करने

के बाद डाटा प्रोसेसर बना जा सकता है। सांख्यिकीविद

(स्टैटिस्टिशन) या विशेषज्ञ बनने के लिए सांख्यिकी,

गणित या ऐसे ही गुणात्मक आकलन वाले अन्य किसी

विषय में बीए या एमए की डिग्री लेनी पड़ती है। प्रारंभिक

स्तरके जॉब के लिए बीए होना पर्याप्त है, पर वैज्ञानिक शोध

से लेकर डाटा रिसर्च एनालिस्ट, डिजिटल मार्केटिंग

एनालिस्ट जैसे पदों के लिए संबंधित विषय में एमए होना

जरूरी है। पीएचडी करके शीर्ष सांख्यिकी संस्थानों और

निजी कंपनियों में उच्च पदों पर नियुक्ति पाई जा सकती

है। सांख्यिकी के ज्यादातर कोर्स में दाखिला प्रवेश

परीक्षा के जरिये होता है।


हर क्षेत्र में जरूरत


इंजीनियरिंग, स्वास्थ्य देखभाल, मार्केटिंग-सेल्स,

बीमा, बैंक, वित्त बाजार, शोध, खेलकूद, प्राकृतिक

आपदा से राहत-बचाव, राजनीतिक गतिविधियां

आदि सभी क्षेत्रों में सांख्यिकीविदों की जरूरत पड़ती

है। डिजिटल तकनीकों के कारण अब सांख्यिकीविद

का काम सिर्फ डेस्क तक सीमित नहीं रह गया है।

कंपनियां उत्पादों व सेवाओं के प्रस्तुतीकरण, कांफ्रेंस-

एक्सपो, क्लाइंट मीटिंग में भी सांख्यिकीविदों को

तवज्जो दे रही हैं। डिजिटल मार्केटिंग में मार्केटिंग मैनेजर

से लेकरएनालिस्ट तक की भारी मांग है, क्योंकि हर कंपनी

अब डिजिटल ढांचे पर जोर दे रही है। खेलकूद में भी

खिलाड़ी की फिटनेस से लेकर प्रतिस्पर्धी की कमजोरियों

के आकलन तक के लिए स्टैटिस्टिशन की सेवाएं ली जा

रही हैं।


प्रमुख कोर्स


सर्टिफिकेट और डिप्लोमा: अवधि एक साल


•सर्टिफिकेट इन स्टैटिस्टिकल मेथड्स एंड एप्लीकेशंस

• डिप्लोमा कोर्सेस इन स्टैटिस्टिक्स,

• पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा (पीजीडी) इन स्टैटिस्टिक्स


स्नातक पाठ्यक्रमः अवधि तीन साल


• बैचलर ऑफ आर्ट्स इन स्टैटिस्टिक्स

•बैचलर इन स्टैटिस्टिक्स

• बैचलर ऑफ साइंस (ऑनर्स) इन स्टैटिस्टिक्स


परास्नातक : अवधि दो साल


• मास्टर ऑफ आर्ट्स इन स्टैटिस्टिक्स

• मास्टर इन स्टैटिस्टिक्स

• मास्टर ऑफ साइंस (ऑनर्स) इन स्टैटिस्टिक्स


पीएचडी: अवधि दो साल


• मास्टर ऑफ फिलासफी इन स्टैटिस्टिक्स

•पीएचडी इन स्टैटिस्टिक्स


पीजी/पीएचडी स्तर के वैकल्पिक कोर्स


डाटा साइंस, एक्चुयेरियल साइंस, बिजनेस-डाटा

एनालिटिक्स, बायोइन्फॉरमेटिक्स, बायोस्टैविटक्स या

एपीडेमियोलॉजी, जन स्वास्थ्य, एम्दानॉमी या

एस्ट्रोफिजिक्स, मार्केटिंग या डिजिटल मार्केटिंग, एमबीए


ऑनलाइन कोर्स भी उपलब्ध


• इंट्रोडक्शन टू प्राबेबिलिटी एंड डाटा: ड्यूक यूनिवर्सिटी

• बेसिक स्टैटिस्टिक्स : यूनिवर्सिटी ऑफ एमस्टर्डम

• स्टैटिस्टिकल इंफ्रेस : जॉन हापकिंस यूनिवर्सिटी

• इनफेरियल स्टैटिस्टिक्स : यूनिवर्सिटी और एम्सटाईम


दाखिले के लिए प्रमुख प्रवेश परीक्षाएं


• इंडियन स्टैटिस्टिकल इंस्टीट्यूट एंट्रेस एनाम

• डिपार्टमेंट ऑफरटेनिरिक्स एंट ऑपरेनिखी एंट्रस

एग्जाम (एएमयू)

• दिल्ली यूनिवर्सिटी एंट्रेस एग्जाम ऑफ स्टैटिस्टिक्स

• यूनिवर्सिटी ऑफ पुणे एंट्रेस एग्जाम

• कलिंगा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल टेमोलॉजी एंट्रेस

एग्जाम (कीआईआईटीईई)


प्रमुख संस्थान


• भारतीय सांख्यिकीय संस्थान, नई दिल्ली

www.isid.ac.in

• यूनिवर्सिटी ऑफ दिल्ली, नई दिल्ली

www.du.ac.in

भारतीय सांख्यिकीय संस्थान, कोलकाता

www.isical.ac.in

•भारतीय सांख्यिकीय संस्थान, देगलुरु

www.isibang.ac.in

.सेंट जेवियर कॉलेज, अहमदाबाद

sxca.edu.in

• देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, स्कूल ऑफ

स्टैटिस्टिक्स, इंदौर

www.stat.dauniv.ac.in

• एएमयू-डिपार्टमेंट ऑफ स्टैटिस्टिक्स एंड

ऑपरेशंस रिसर्च, अलीगढ़

www.amu.ac.in

• सेट स्टीफेंस कॉलेज, नई दिल्ली

www.ststephens.edu

• भारतीय सांख्यिकीय संस्थान, चेन्नई

www.isichennai.res.in


प्रमुख रोजगार


स्टैटिस्टिशन :सांख्यिकीय उपकरणों, पद्धतियों

और प्रक्रियाओं की मदद से अंकगणितीय

डाटा एकत्र करना, उनका विश्लेषण करना,

नतीजे निकालना और समस्याओं का त्वरित

समाधान निकालना इसका प्रमुख काम है।

बिजनेस एनालिस्ट :यह किसी संगठन की

प्रक्रियाओं, पद्धतियों का विश्लेषण करता है।

ग्राहक की जरूरत, पसंद-नापसंद के आधार

पर कारोबार की जरूरतों और बदलावों को

रेखांकित करता है।


झटा एनालिस्ट : यह जटिल डाटा को आसान

बनाकर उसे उपयोगी जानकारी का स्वरूप

देता है, ताकि उसका आकलन कर संगठन,

कारोबार अथवा सेवा को ज्यादा लाभप्रद और

ग्राहकोन्मुख बनाया जा सके।


मैथमैटीशियन :यह एडवांस्ड मैथमेटिक्स का

इस्तेमाल गणितीय सिद्धातों को समझने, डाटा

के विश्लेषण

में करता है। यह डाटा के

प्रचलित-प्रमाणित सिद्धांतों के जरिये

समस्याओं का हल भी निकालता है।


रिस्क एनालिस्ट : यह किसी संगठन, कारोबार

या सेवा में जोखिम प्रबंधन की पूरी प्रक्रिया

तय करता है। डाटा का विश्लेषण कर

संगठन, कारोबार या सेवा में आने वाले

जोखिम को लेकर अपनी रिपोर्ट देता है।


कंटेट एनालिस्ट : इसका कार्य खबर, तस्वीर

ऑडियो-वीडियो जैसे कटेट का विश्लेषण,

आकलन और मूल्यांकन करना है। यह

पाठक-दर्शक की रुचियों का भी आकलन

करता है।


बायोटैटिस्टिशियन : यह जीवों की शारीरिक

गतिविधियों, व्यवहार व प्रवृत्तियों से जुड़े नमूने

लेकर उनके आकड़ी का विश्लेषण करता है

चिकित्सा से जुड़े शोधों में सहायक होता है।


इकोनामेट्रीशियन : रोजगार, मांग- उपभोग 

आपूर्ति, महगाई, कंपनियों के लाभ-हानि

जैस अहम आर्थिक मामलों से जुड़े आकड़ो

का विश्लेषण करता है और इसके लिए

अनुकूल कप्यूटर एप मॉडल भी बनाता है।


नए रोजगार


डाटा साइंटिस्ट : यह साखियकी के तहत

तकनीकी कौशल के जरिये जटिल

समस्याओं को हल करने या उनसे जुड़े

निष्कर्ष निकालने से सबंधित पेशवर होते हैं।

ये भविष्य में होने वाली समस्याओं और

जोखिम का पूर्व आकलन भी करते हैं।

गणितीय, सांखिकीय, शानिक और

डिजिटल तकनीकों के सहारे ये किसी

संस्थान में भविष्य की जनता से लेकर

मानव संसाधन से जुड़ी समस्याओं तक का

'समाधान देते है।


डिजिटल मार्केटिंग मैनेजर :  डिजिटल मार्केटिंग

मैनेजमेंट साखियकी क्षेत्र में सबसे उभरता

हुआ रोजगार है। आईटी विशेषज्ञ

के मुताबिक, 12वी या स्नातक स्तर पर

'गणित-विज्ञान जैसे विषयों की पढ़ाई के साथ

डिजिटल मार्केटिंग का कोर्स करने वालों की

आज भारी मांग है। इनकी मदद से कंपनिया

ऑनलाइन उस तक पहुंचने वाले ग्राहकों की

प्रवृति, आयुवर्ग, सोत आदि आकडो

जरिये आपनी कारोबारी रणनीति बनाती है।'


टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Credit card Kya Hota hai, Aur Usake Fayde In Hindi

Credit Card Ka Istemal Kaise Kare Credit Card Ka Istemal Chalan Me Hai. Kai Log To Ek Se Jyada Banko Ke Credit Card Rakhate Hain. Lekin Sahi Tarike Se Nahi Karane Par Isase Nuskan Bhi Hote Hain.  Pehle Jee Bhar Ke Sochalay Phir Istemal Kare Credit Card Lena Ek Tarah Se Bank Se Loan Lene Jaisa Hota Hai. Agar Iske Istemal Me Kuchh Savdhaniya Barati Jaye, To Ham Isaka Bharpul Fayada Utha Sakate Hain. Aaj Ke Samay Mein Lagabhag Har Tisara Naukri Pesa Person Apni Suvidha Anusar Credit Card Ka Istemal Kar Raha Hain. Credit Card Ek Tarah Ka Bank Hai, Jisase Aap Loan Lete Hain. Credit Card Dharak Dheere-Dheere Is Loan Ko EMI Ke Madhyam Se Chukate Rehte Hain. Apako Credit Card Ke Len-Den Ko Credit Bureau Ko Suchit Kiya Jata Hai. Jis Ke Aadhar Par Apaka Credit Score Check Kiya Jata Hai.Credit Score Jitana Adhik Hota Hai. Use Utana Hi Behtar Mana Jata Hai. Credit Information Bureau India Limited (CIBIL) Credit Score Deta Hai Jo Ap Ke Purane Britiy Itihas Ke Aadhar Par Taiyar Kiya Jat...

Voice Over Artist Kya Hota Hai Aur Kaise Bane, Voice Over Artist Jobs Qualifications, Career, Course Description Ke Bare Me Jankari

🖎Voice Over Artist Me Career Kaise Banaye? 🙋Topics:   1.Voice Over Artist Kya Hota Hain? 2. Opportunities 3. Qualifications 4. Salary Payment In India           Documentary, News Reports, Video Game, Animation Movies  On-Hold संदेशो आदी में Voice Over Artist की मांग लगातार बढ रही है। Voice Over Production कि तकनीक है। जिसमे किसी व्‍यक्‍ति कि Voice को (जो किसी कहानी का हिस्‍सा नही है।) Radio, Television Production, Film Create और किसी प्रस्‍तुतति में उपयोग किया जाता है।  👉 Voice Over Artist Kya Hata Hai?     Career Counselors कहते है कि   Advertisement, Audio Books, Animation Movies, Promotion Calls, Radio Advertisement, Aeroplane में सूचना आि‍दि देने में प्रयोग की गयी Voice को Voice Over Artist ही करता है।     Synchronous Talk, जहां  Voice Over में एक समय पर हो रही कार्यवाही का वर्णन करना होता है।  Voice Over, अब एक आम तकनीक बन गयी है। इसका प्रयोग Cinema में  भी किया ज...

Hamesha Swasth(Healthy) Thik Rahane Ke Liye Kya Karana Chahiye, Tarike(Tips), Upay, Swasth Rahne Ke Niyam (Dincharya) Ke Bare Me Jankari Hindi Mein

Healthy Jivan Shaili Jine Ke Niyam एक स्वस्थ जीवन-शैली को बनाए रखना कोई मुश्किल काम नहीं है, बस आपको कुछ स्वस्थ आदतों का पालन करने की आवश्यकता है। नए साल के मौके पर लाखों लोग अपने आप से करियर, शिक्षा, जॉब प्रमोशन एवं कुछ नया सीखने और व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाने जैसे ढेर सारे संकल्प लेते हैं। कुछ अपने 'न्यू ईयर रेजॉल्यूशन' को कुछ हद तक पूरा करने में सफल भी हो जाते हैं। साल भर इन संकल्पों और पारिवारिक जिम्मेदारियों को पूरा करने के चक्कर में सेहत की तरफ ध्यान ही नहीं जाता है। बदलती जीवन-शैली के कारण आजकल कम उम्र में ओबेसिटी, डायबिटीज, तनाव, अवसाद, जोड़ों में दर्द, कमर दर्द, स्ट्रोक और हार्ट अटैक जैसी गंभीर बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में कुछ स्वास्थ्य नियमों को अपनाकर स्वस्थ शरीर और सुखी जीवन की शुरुआत की जा सकती है। मोटापा न बढ़ने दें: आजकल तले-भुने और भारी मसालेदार फास्ट फूड की तरफ लोगों का तेजी से रुझान बढ़ रहा है, जिससे उनके शरीर में आवश्यकता से अधिक चर्बी बढ़ रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट के अनुसार , मोटापा स्वास्थ्य के लिए  सबसे खतरनाक 10 ब...