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High Energy Visible Light Skin Ko Kaise Damage Karte Hain Aur Iske Bachav Ke Bare Me Jankari?? Mobile Phone Radiation Or TV Jyada Dekhne Se Nuksan In Hindi

High Energy Visible Light Skin Ko Kaise Damage Karte Hain???? क्या आपकी नाजुक त्वचा जल्दी बूढ़ी हो रही है? या फिर आपकी त्वचा पर झुर्रियां पड़ने लगी हैं? अगर ऐसा है, तो सावधान हो जाइए, क्योंकि ऐसा सिर्फ सूरज की रोशनी से ही नहीं होता, बल्कि आपके मोबाइल, कंप्यूटर और टेलीविजन से भी हो सकता है। डिजिटल वर्ल्ड के दौर में आप दिन में औसतन 150 बार अपने फोन को चेक करती हैं। रोजाना तकरीबन 10 घंटे मोबाइल या कंप्यूटर की स्क्रीन के सामने समय बिताती हैं, लेकिन क्या आप जानती हैं कि इसकी ब्लू लाइट आपकी आंखों को ही नहीं, आपकी त्वचा को भी नुकसान पहुंचा रही है? यहां तक कि सूर्य की किरणों से भी ज्यादा। इससे आपकी त्वचा तेजी से बुढ़ापे की ओर बढ़ रही है। हाल ही में आई एक रिपोर्ट बताती है कि दोपहर के समय 20 मिनट में सूरज की रोशनी से आपकी त्वचा का रंग जितना बदलता है, उतना ही एक कंप्यूटर के सामने चार से आठ घंटे बिताने से भी बदलता है।          दरअसल, बढ़ती डिजिटल निर्भरता के कारण हमारी त्वचा फोन और कंप्यूटर से निकलने वाली हानिकारक नीली किरणो के लगातार संपर्क में ...

Badam Khane Se Kya Hota Hai? Badam Khane Ke Fayde Hindi Mein, Tatha Unase Hone Vale Benefits (Labh) Ke Bare Mein Janakri

Badam Khane Se Kya Hota Hai Tatha Unase Hone Vale Benefits कहा जाता है कि पानी में भिगोए हुए दो बादाम खान से दिमाग होता है तेज। इसके अलावा बादाम में ऐसा क्या है और इसके क्या क्या फायदे हैं जाने.... 1. बच्चों को प्रतिदिन पानी में भिगोए दो-तीन बादाम खाना चाहिए। इससे दिमाग तेज होता है, क्योंकि इसमें विटामिन ई दिमाग के लिए फायदेमंद है। 2. प्रत्येक दिन तीन-चार बादाम खाने से कोलेस्ट्रा स्तर नियंत्रण में रहता है। साथ ही यह ब्लड शुगर भी बढ़ने नहीं देता है। 3. बादाम के सेवन से हृदय रोग के होने की संभावना कम हो जाती है। इसमें मौजूद न्यूट्रिएंट्स जैस मैग्नीशियम दिल की सेहत को दुरुस्त करता है 4. मैग्नीशियम ब्लड शुगर रेगुलेट कर फूड क्रेविग्स कम करता है। शरीर द्वारा कैलोरी ग्रहण करने की प्रक्रिया को बाधित करता है, जिससे वजन नहीं बढ़ता है। 5. यह गैस्ट्रोइन्टेस्टिनल सेहत को प्रमोट करता है। फाइबर प्रीबायोटिक प्रॉपर्टीज देता है, जो गैस्ट्रोइन्टेस्टिनल ट्रैक्ट की सेहत को सुधारता है। 6. अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन द्वारा हुए एक शोध में कहा गया है कि बादाम खाने से मधुमेह होने की सं...

Sardiyo Me Baalo Ki Dekhbhal (Care) Kaise Kare Aur Sardiyo (Winter) Me Bal Kyu Jhadate Hain, Baal Badhane Ke Nuskhe Jankari Hindi Mein

 Winter Season Me Baalo Ki Dekhbhal Kaise Kare??? बाल हर मौसम में प्रॉपर देखभाल मांगते हैं। खासकर सर्दी के दिनों में इन्हें पर्याप्त नमी और पोषण की जरूरत होती है। सर्दियों में बालों में अक्सर पोषण की कमी हो जाती है, जिससे बाल और स्कैल्प रूखे हो जाते हैं। जिस तरह गर्मी में सूरज की किरणें नुकसानदायक होती हैं ठीक उसी तरह सर्दियों में भी सूरज की किरणें बालों के लिए हानिकारक हो सकती हैं। अक्सर ठंड से बचने के लिए लोग देर तक धूप में बैठे रहते हैं। इससे बाल धूप से सीधे संपर्क में आते हैं। कई बार आलस में लोग बालों को शैंपू करने से भी बचते हैं। इससे स्कैल्प पर धूल-गंदगी चिपक जाती है, जो बालों को जड़ों से कमजोर बनाते हैं। यदि आपके बाल दो मुंहे और रूखे हैं, तो सावधान हो जाएं, क्योंकि इन दिनों सबसे ज्यादा असर इसी तरह के बालों पर होता है। इससे बालों के झड़ने और कमजोर होने की समस्या बढ़ जाती है। ठंड में नमी के स्तर में भी परिवर्तन होता है, जिससे बालों की समस्याएं शुरू हो जाती हैं। सही उपायों को अपनाकर बालों से संबंधित समस्याओं से बचा जा सकता है।   बालो की कैसे करें देखभाल कैसे करे टि...

Mood Swing Kya Hota Hain Aur Mood Swings Kyu Hota Hai, Mood Swings During Pregnancy In Hindi

Mood Swing Kya Hota Hain Aur Mood Swings Kyu Hota Hai   गर्भावस्था में महिलाओं के मन में कई प्रकार की भावनाएं जन्म लेती हैं। ऐसे में कभी-कभी महिलाएं चिड़चिड़ी हो जाती हैं।  Mood- Swing Kya Hota Hain?? गर्भावस्था एक ऐसी अवस्था है, जब महिलाओं के अंदर कई प्रकार की भावनाएं और विचार जन्म लेते हैं। गर्भावस्था के समय कई प्रकार के टेस्ट, डॉक्टर से समय-समय पर मिलना, परिवार में उत्साह, क्रेविंग्स जैसी चीजों से गुजरने के साथ मूड का स्विंग्स होना महिलाओं को थोड़ा चिड़चिड़ा बना देता है। कई बार आप बहुत खुश होती हैं, तो कुछ पलों में आपको बहुत गुस्सा भी आने लगता है, पर यह कोई चिंता की बात नहीं, प्रेगनेंसी में मूड स्विंग होना बहुत आम बात है। व्यवहार में आने वाले इस उतार-चढ़ाव का आप आनंद ले सकती हैं।  भावनात्मक परिवर्तन गर्भावस्था का एक अहम हिस्सा होता है, क्योंकि महिला के शरीर में हॉर्मोन्स में बदलाव होता है। इसलिए माता-पिता दोनों को इसके लिए समान रूप से तैयार होना चाहिए। इस दौरान पुरुषों की भूमिका भी महत्त्वपूर्ण होती है। उन्हें अपना धैर्य नहीं खोना चाहिए। पत्नी के साथ शांत व्यव...

Bachcho Ko Cavity Se Bachane Thata Rokane Ke Gharale Upay Jankari Hindi Me

Bachcho Ko Cavity Se Bachane, Rokane Ke Gharale Upay Kya Hain Jane.. क्या आपके बच्चों के दांत आपको चिंतित करते हैं? अमेरिका के 'नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ डेंटल एंड क्रेनियोफेसियल' की ओर से की गई एक रिसर्च के अनुसार, दो से 11 साल के 42 फीसदी के प्रारंभिक दांतों में कैविटी विकसित होती है और दो से पांच वर्ष के लगभग 28 फीसदी बच्चों के दांतों में कम से कम एक कैविटी विकसित होती है।  Cavity Kaise Hota Hain?  कैविटीज के जोखिम के लिए पर्यावरणीय कारक भी जिम्मेवार है। मुह मे मौजूद एसिड के कारण दाता के इनमत  जो खोखले होने लगते हैं, जिसका एक कारण कैविटी का निर्माण होता है।  Cavity Kise Kahate Hain?  दांतों में छेद होने को वैज्ञानिक भाषा में दंत क्षय या कैविटी कहते है।   Cavity Kyu Aur Kaise Hota Hain? मुंह में मौजूद एसिड के कारण दांतों के इनेमल खोखले होने लगते हैं जिसके कारण कैविटी का निर्माण होता है। ऐसा तब होता है जब बैक्टीरिया प्लाक के रूप में शुगर युक्त खाद्य पदार्थों पर प्रतिक्रिया करता है, इससे अम्ल का निर्माण होता है, जो दांतों के इनेमल पर हमल...

jivan(Life) me safalta(Success) pane ke upay, Ya Mahilaye(Woman) Life Me Safalata Kaise Hasil Kar Sakati Hain, Tips, Tarika Ke Bare Me Jankari

Jivan(Life) Me Ek Safal Yani Success Woman (Aurat) Kaise Bane?? आपके पास अच्छे विचार हैं, अच्छी योजनाए हैं और इन योजनाओ को पूरा करने की काबिलियत हैं, तो सफलता आपकी कदम चूमेगी। बस आप अपने शब्दकोश पर ध्यान दे। कहते हैं, इंसान की वाणी से ही उसकी पहचान बनती है। वह जो बोलता है, वही उसका अंतर्मन है, वही उसकी सोच है और उसी से उसके विचार दूसरों तक पहुंचते हैं। इसलिए विद्वानों ने कहा है कि जो भी बोलना हो, उसे तोलकर बोलना चाहिए। अर्थात खूब सोच विचारकर ही बोलना चाहिए। क्योंकि एक बार यदि शब्द आपके मुख से निकल गए, तो वे कभी वापस नहीं आएंगे। अपनी बात कहने के लिए आप जिन शब्दों का सहारा ले रही हैं, उन्हें नाप-तोलकर ही दूसरों तक पहुंचाएं। यदि आप महिला हैं और ऊंचे पद पर हैं, तो आपके लिए यह और भी चुनौतीपूर्ण तथा आवश्यक हो जाता है। जब आप अपने घर-परिवार और दोस्तों के बीच होती हैं, तो आपको अपने विचारों और सोच को व्यक्त करने में अधिक कठिनाई नही होती, क्योंकि अधिकतर लोग आपके व्यक्तित्व से वाकिफ होते हैं। लेकिन ऑफिस में ऐसा नहीं होता। ऑफिस में आपके साथियों, टीम के सदस्यों के बीच आपका व्यवहार, बोलने का ...

Clubfoot Kya Hai Aur Iska Treatment (Ilaj) Kaise Karaye, Lakshan Ke Bare Me Jankari Hindi Me

Clubfoot Kya Hai? आज की भाग-दौड़ भरी और तनावपूर्ण जिंदगी के कारण लोगों को अपने जीवन में कई असामान्यताओं का सामना करना पड़ रहा है। इसी तरह की एक असामान्यता ‘क्लबफुट' स्थिति है यानी अंदर की तरफ मुड़ी हुई पैरों की उंगलियां।  उदयपुर स्थित नारायण सेवा संस्थान के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अमरसिंह चुंडावत के मुताबिक, यह एक जन्मजात ऑर्थोपेडिक विसंगति है, जो किसी पारंपरिक उपचार या ऑपरेटिव ट्रीटमेंट के बाद वापस पहले जैसी स्थिति में आ सकती है। दरअसल, यह एक जन्मजात दोष है, जिसमें पैर या तो अंदर की तरफ या नीचे की ओर घूमे हुए होते हैं। नतीजतन, इन बीमारियों से पीड़ित बच्चे बिल्कुल भी नहीं चल पाते हैं, यहां तक कि वे खुद बाथरूम तक भी नहीं जा पाते हैं। आमतौर पर, बच्चे के जन्म के करीब एक सप्ताह के भीतर इस स्थिति का पता लग जाता है। इस स्थिति का इलाज इसका पता लगने के तुरंत बाद शुरू होता है और ऐसे मामलों में प्री-सर्जिकल और पोस्टसर्जिकल उपचार भी उपलब्ध हैं।  जन्म के करीब एक सप्ताह के भीतर ही क्लब फूट का पता चलता हैं। यदि इस दौरान ही इसका उपचार हो जाए, तो इसके खतरे को कम किया जा सकता हैं। ...